8 फरवरी को काशी में ‘संविधान संवाद रैली’, अजय राय बोले– यह राजनीति नहीं, काशी की अस्मिता और संविधान की लड़ाई

वाराणसी, जनमुख न्यूज़। आगामी 8 फरवरी को काशी में प्रस्तावित संविधान संवाद रैली को लेकर उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय राय ने मंगलवार को अपने आवासीय कैंप कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान रैली के उद्देश्य और प्रमुख मुद्दों की जानकारी दी।
प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि यह रैली केवल एक राजनीतिक आयोजन नहीं है, बल्कि काशी की अस्मिता, आस्था, संस्कृति और संवैधानिक मूल्यों की रक्षा के लिए आयोजित की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीते कुछ वर्षों में विकास के नाम पर काशी के साथ ऐसा खिलवाड़ किया गया है, जिससे उसकी आत्मा और पहचान दोनों को गहरी ठेस पहुंची है।
अजय राय ने बताया कि संविधान संवाद रैली में काशी से जुड़े कई गंभीर और जनहित से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया जाएगा। इनमें मणिकर्णिका घाट की अव्यवस्थाएं, शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद जी महाराज के साथ हुआ कथित अपमान, मनरेगा में भ्रष्टाचार, बढ़ती बेरोजगारी, महंगाई और मां गंगा में गिरते नालों जैसे विषय शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि पूरे शहर में जगह-जगह सीवर जाम है, सड़कों पर गंदगी बह रही है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी आंख मूंदे बैठे हैं। विकास के नाम पर काशी की हजारों साल पुरानी धरोहरों को ध्वस्त किया जा रहा है, जो इस पौराणिक नगरी की विरासत पर सीधा हमला है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने काशी की कानून व्यवस्था पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि अपराध बढ़ रहे हैं, आम नागरिक खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है, जबकि सरकार केवल प्रचार में व्यस्त है। उन्होंने कहा कि काशी केवल एक शहर नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति और सभ्यता की आत्मा है, और संविधान संवाद रैली के माध्यम से काशी की आवाज़ को सड़क से संसद तक पहुंचाया जाएगा।
अजय राय ने काशी की जनता से अपील की कि वे बड़ी संख्या में रैली में शामिल होकर संविधान, लोकतंत्र और काशी की अस्मिता की रक्षा के इस अभियान को मजबूती प्रदान करें। उन्होंने दावा किया कि 8 फरवरी को होने वाली यह रैली काशी की राजनीति में एक महत्वपूर्ण संदेश देगी।
पत्रकार वार्ता में महानगर अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे, सेवादल प्रदेश अध्यक्ष प्रमोद पांडेय, फसाहत हुसैन, दुर्गाप्रसाद गुप्ता, गुलशन अली, डॉ. राजेश गुप्ता, वकील अंसारी, अरुण सोनी, संतोष चौरसिया, घनश्याम सिंह, अब्दुल हमीद डोडे और विनीत चौबे सहित कई कांग्रेस नेता उपस्थित रहे।

