वाराणसी में ई-रिक्शा चालक की दोस्तों ने की हत्या, कमिशन विवाद में गंगा में फेंकी लाश

वाराणसी, जनमुख न्यूज़। जिले के आदमपुर थाना क्षेत्र के कोनिया इलाके से बीते 28 जनवरी को लापता हुए ई-रिक्शा चालक सनी सोनकर (25) की हत्या की पुष्टि हो गई है। पुलिस जांच में सामने आया है कि सनी की हत्या उसके ही चार दोस्तों ने मिलकर की थी। हत्या के बाद शव को विश्वसुंदरी पुल से गंगा नदी में फेंक दिया गया।पुलिस के अनुसार, सनी और उसके साथियों के बीच कमिशन के पैसों के लेनदेन को लेकर विवाद चल रहा था। इसी विवाद के चलते चारों आरोपियों ने सनी को मौत के घाट उतार दिया।इस मामले में गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचानअभिषेक चौहान (21) निवासी जलालीपुरा जैतपुरा,संतोष कुमार गौतम उर्फ मोगली (28) निवासी लाट भैरव आदमपुर,वीरू गुप्ता (28) निवासी लिटकुरी कपसेठी, थाना कपसेठीके रूप में हुई है।पुलिस के हाथ एक सीसीटीवी फुटेज लगी, जिसमें चारों आरोपी सनी के साथ मारपीट करते हुए नजर आ रहे हैं। यह फुटेज जलालीपुरा इलाके की एक दुकान में लगे कैमरे में रिकॉर्ड हुई थी। इसी के आधार पर पुलिस ने आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसके बाद पूरे घटनाक्रम का खुलासा हुआ।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी पहले सनी को जलालीपुरा ले गए, जहां उसके साथ बेरहमी से मारपीट की गई। पूछताछ के दौरान आरोपी शुरुआत में पुलिस को गुमराह करते रहे, लेकिन बाद में उन्होंने कमिशन के पैसों को लेकर विवाद और हत्या की बात कबूल कर ली।आदमपुर थाना प्रभारी विमल मिश्रा ने बताया कि हत्या में शामिल सभी युवक सनी के करीबी साथी थे। हत्या की पुष्टि के बाद एनडीआरएफ और जल पुलिस की टीम के साथ मिलकर विश्वसुंदरी पुल और आसपास के घाटों पर सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है, ताकि सनी का शव बरामद किया जा सके।वहीं, सनी के परिजनों ने पहले ही हत्या की आशंका जताई थी। बीते रविवार को सनी के बड़े भाई सूरज और मां मंजू देवी आदमपुर थाने पहुंचे और पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया था। परिजनों का कहना था कि 28 जनवरी की रात चार युवक सनी को घर से बुलाकर ले गए थे, जिसके बाद वह वापस नहीं लौटा। पुलिस ने इस मामले में 6 फरवरी को गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज की थी।

