बीएचयू में छात्रों के दो गुटों में हिंसक झड़प, पीजी छात्र गंभीर घायल; ड्रोन से निगरानी, कई हॉस्टल कमरों पर ताला

वाराणसी, जनमुख न्यूज़। स्थित बीएचयू के रुइया छात्रावास में रहने वाले पीजी छात्र पीयूष तिवारी की गुरुवार दोपहर बिड़ला छात्रावास के कुछ छात्रों ने बेरहमी से पिटाई कर दी। घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में रुइया छात्रावास के छात्र बिड़ला चौराहे पर जमा हो गए, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया।
सूचना पर इंस्पेक्टर लंका राजकुमार शर्मा और बीएचयू चौकी प्रभारी सौरभ तिवारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। आक्रोशित छात्रों को समझाकर वापस हॉस्टल भेजा गया, हालांकि छात्र लगातार आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग करते रहे। हालात बिगड़ते देख पीएसी को भी बुलाया गया।
पुलिस के अनुसार, रुइया और बिड़ला छात्रावास के छात्रों के बीच पुरानी रंजिश को लेकर विवाद हुआ था। आरोप है कि निष्कासित छात्र दर्शित पांडेय, रौनक मिश्रा, अंकित पाल और विश्वजीत यादव ने रुइया हॉस्टल के गेट पर पीयूष तिवारी के साथ मारपीट की। हमले में पीयूष के सिर में गंभीर चोट आई, जिसके बाद उसे ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया।
डीसीपी काशी जोन गौरव बंसवाल ने बताया कि विवाद के दौरान ईंट-पत्थर चलने की सूचना मिली थी। भारी पुलिस बल मौके पर तैनात किया गया। घायल छात्र ने अपने बयान में कुछ ऐसे पूर्व छात्रों के नाम बताए हैं, जो अनधिकृत रूप से हॉस्टल में रह रहे हैं। उनकी पहचान कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
घटना के बाद हालात काबू में करने के लिए डीसीपी काशी गौरव बंसवाल की मौजूदगी में करीब 500 पुलिसकर्मियों ने सर्च ऑपरेशन चलाया। इस दौरान ड्रोन से भी निगरानी की गई। भागने की कोशिश कर रहे एक छात्र को पकड़कर पूछताछ के लिए ले जाया गया।
चीफ प्रॉक्टर के अनुसार, बिड़ला-सी छात्रावास के 11 कमरों को सील कर दिया गया है, जहां से कुछ संदिग्ध वस्तुएं भी मिली हैं। बिड़ला-ए छात्रावास के कुछ कमरों में भी ताले लगाए गए हैं। वहीं, रुइया छात्रावास की भी गहन जांच की जा रही है।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि किसी भी तरह की नारेबाजी या दोबारा हिंसा करने पर संबंधित छात्रों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल कैंपस में भारी पुलिस बल की तैनाती के बीच स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है।

