व्हाइट हाउस के पास ताबड़तोड़ फायरिंग से हड़कंप, ट्रंप सुरक्षित; संदिग्ध हमलावर समेत दो घायल

नई दिल्ली, अंतर्राष्ट्रीय न्यूज़। अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन डीसी में व्हाइट हाउस के पास शनिवार रात हुई गोलीबारी से अफरा-तफरी मच गई। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 17th स्ट्रीट और पेनसिल्वेनिया एवेन्यू NW इलाके में करीब 30 राउंड फायरिंग की आवाजें सुनी गईं। यह इलाका व्हाइट हाउस परिसर और आइजनहावर एग्जीक्यूटिव ऑफिस बिल्डिंग के बेहद करीब स्थित है।
बताया जा रहा है कि एक संदिग्ध बंदूकधारी ने व्हाइट हाउस के बाहर बने सुरक्षा बूथ पर तैनात सीक्रेट सर्विस अधिकारियों पर अचानक फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में सीक्रेट सर्विस के जवानों ने भी गोली चलाई, जिसमें संदिग्ध हमलावर घायल हो गया। इस घटना में एक राहगीर भी गोली लगने से घायल हुआ है। दोनों की हालत गंभीर बताई जा रही है।
घटना के समय अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप व्हाइट हाउस के अंदर मौजूद थे। सुरक्षा एजेंसियों ने पुष्टि की है कि राष्ट्रपति पूरी तरह सुरक्षित हैं। गोलीबारी के बाद व्हाइट हाउस की सुरक्षा तुरंत बढ़ा दी गई और छतों पर काउंटर स्नाइपर्स तैनात कर दिए गए।
घटना के तुरंत बाद व्हाइट हाउस के नॉर्थ लॉन को खाली कराया गया और इलाके में कुछ समय के लिए लॉकडाउन लागू कर दिया गया। वहां मौजूद पत्रकारों को भी सुरक्षा कारणों से प्रेस ब्रीफिंग रूम में सुरक्षित स्थान पर भेजा गया।
अमेरिकी सीक्रेट सर्विस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर बयान जारी कर कहा कि 17वीं स्ट्रीट और पेंसिल्वेनिया एवेन्यू के पास गोली चलने की सूचना मिली थी। एजेंसी ने बताया कि स्थानीय सुरक्षा बलों के साथ मिलकर पूरे मामले की जांच की जा रही है।
एफबीआई निदेशक काश पटेल ने भी घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि सुरक्षा एजेंसियां हालात पर नजर बनाए हुए हैं और जांच जारी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जैसे-जैसे नई जानकारी सामने आएगी, उसे सार्वजनिक किया जाएगा।
इस घटना के बाद कई अमेरिकी नेताओं ने चिंता जताई है। सांसद रैंडी फाइन ने सभी की सुरक्षा की कामना की, जबकि सांसद नैंसी मेस ने अमेरिका में बढ़ती राजनीतिक हिंसा पर चिंता व्यक्त करते हुए इसे रोकने की जरूरत बताई।
गौरतलब है कि हाल के महीनों में व्हाइट हाउस के आसपास सुरक्षा से जुड़ी कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं। अप्रैल में राष्ट्रपति ट्रंप पर कथित हमले की कोशिश और मई में वॉशिंगटन मॉन्यूमेंट के पास हुई फायरिंग के बाद अब इस ताजा घटना ने अमेरिकी राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर नए सवाल खड़े कर दिए हैं।

